हरिद्वार। राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण के निर्देशानुसार जिला विधिक सेवा प्राधिकरण हरिद्वार की ओर से एस.एम.जे.एन.(पी.जी.)कॉलेज में विधिक सहायता केंद्र का उद्घाटन किया गया।, इसके साथ ही बाल दिवस के अवसर पर और पोस्टर तथा स्लोगन प्रतियोगिताओं का भी आयोजन किया गया।जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के अध्यक्ष एवं जनपद न्यायाधीश नरेंद्र दत्त के आदेशानुसार आयोजित विधिक साक्षरता एवं जागरुकता शिविर में मुख्य अतिथि प्राधिकरण की सचिव सिमरनजीत कौर ने छात्र-छात्राओं को संबोधित करते हुए पॉक्सो एक्ट,शिक्षा का अधिकार अधिनियम,लिव इन रिलेशन,बाल विवाह निषेध अधिनियम के बारे में जानकारी दी। उन्होंने विधिक सहायता केंद्र का उद्घाटन करते हुए कहा कि इससे वंचितों, आर्थिक रूप से पिछड़े वर्ग तथा असहायों को निःशुल्क परामर्श तथा विधिक सहायता मिल सकेगी।इस अवसर पर डिप्टी (एलएडीसी)रमन कुमार सैनी ने प्राधिकरण के कार्यों की तथा नालसा हेल्प लाइन नवंबर 15100की जानकारी दी।बाल दिवस कार्यक्रम के तहत महाविद्यालय ने विधिक जागरूकता हेतु विधिक अधिकारों,शिक्षा का अधिकार,पोक्सो अधिनियम आदि विषयों पर पोस्टर तथा स्लोगन प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। महाविद्यालय के प्राचार्य प्रो सुनील कुमार बत्रा ने कहा कि विधिक जागरूकता के प्रति सामूहिक प्रयासों की आवश्यकता हैं ।इस अवसर पर आयोजित पोस्टर प्रतियोगिता में बीएससी की छात्रा स्नेहा सिंघल तथा सोनम को प्रथम पुरस्कार जबकि बीएससी के छात्र नितिन शाह,बीएससी की छात्रा कशिश रावत तथा एम.ए की छात्रा भव्या जोशी को द्वितीय पुरस्कार मिला।प्रतियोगिता का तृतीय पुरस्कार बी.ए की प्रिया रघुवंशी तथा बीएससी की शिल्पी रानी को प्राप्त हुआ जबकि बी कॉम के छात्र नितिन कुमार तथा एम.ए.के.रवि ठाकुर को सांत्वना पुरस्कार मिला।स्लोगन प्रतियोगिता में बी कॉम की छात्रा रितिका भट्ट को प्रथम पुरस्कार जबकि बी एस सी के छात्र नितिन शाह तथा बी कॉम की छात्रा काजल को द्वितीय पुरस्कार प्राप्त हुआ।प्रतियोगिता का तृतीय पुरस्कार बीए की संध्या,बी.एस.सी की हिना त्यागी तथा बी.ए.की छात्रा शैली को प्राप्त हुआ।मुख्य अतिथि ने छात्र- छात्राओं को प्रशस्ति पत्र प्रदान किए गए।उक्त प्रतियोगिता में डॉ.विनीता चौहान,डॉ.अनुरिषा एवं यादविंदर सिंह ने निर्णायक की भूमिका का निर्वहन किया।कार्यक्रम संयोजक मंडल में डॉ.अमिता मल्होत्रा,डॉ.मीनाक्षी शर्मा,डॉ.पल्लवी,डॉ.पुनीता शर्मा एवं कविता छाबड़ा उपस्थित रहे। कार्यक्रम का समापन नालसा थीम सॉन्ग एक मुठ्ठी आसमान पर हक हमारा भी तो है,के साथ हुआ।
