सहारनपुर। मुनि प्रणम्य सागर महाराज ने कहा कि भगवान पाश्र्वनाथ के जीवन में पूर्व के 10 जन्मो में प्राणों का हरण करने वाले बैरी पर भी प्रतिकार नही किया। प्राण घातक उपसर्ग करने पर भी उत्तम क्षमा प्रदान कर अनंत असीम पुण्यार्जन किया था। सभी जीव पूर्व जन्मों के कर्मों के संस्कारों को लेकर उत्पन्न होते हैं जिसे भाग्य की संज्ञा दी जाती है, शेष जीवन का निर्धारण सम्यक पुरुषार्थ से होता है, वर्तमान का पुरुषार्थ हमारा भावी भविष्य निर्धारित करता है, इसलिए आज पुरुषार्थ करते समय सचेत विवेकशील और बुद्धि के साथ जीवन व्यतीत करने की आवश्यकता है।
मुनि प्रणम्य सागर महाराज आज यहां श्री दिगंबर जैन मंदिर चन्द्र नगर के छह दिवसीय पंचकल्याणक प्रतिष्ठा महोत्सव में निर्मित भव्य काशी नगरी मे मांगलिक कार्यक्रम के द्वितीय दिवस में प्रभु के जीव के गर्भ कल्याणक के मार्मिक प्रसंग श्रद्धालुओं के विशाल समुदाय को उपदेश दे रहे थे। उन्होंने कहा कि स्वप्न में भी किसी जीव को मन वचन काय से पीड़ा कष्ट देने का विचार भी उत्पन्न नहीं करना चाहिए। संसार के प्राणियों को दुखों को देखकर अंन्तरग यह पवित्र पावन भावना आनी चाहिए। मांगलिक कार्यक्रम में उ प्र सरकार के पूर्व मंत्री संजय गर्ग ने कहा कि सहारनपुर विद्वानों की प्राचीन धर्म नगरी है। ऐसी पवित्र भूमि पर आपके चरण रज पाकर वह धन्य हो गये है। महोत्सव की पूर्व संध्या में सौधर्म इन्द्र के राज दरबार का मनोज्ञ और दिव्य दृश्य प्रस्तुत किया गया।
जैन समाज के अध्यक्ष राजेश कुमार जैन और मुख्य संयोजक राकेश जैन ने पूर्व विधायक रविंद्र मोल्हू और रेलवे विभाग के उच्च अधिकारी मनीष कुमार का स्वागत करते हुए प्रतीक चिन्ह भेंट किया। अध्यक्ष राजेश कुमार जैन और कार्यक्रम के मुख्य संयोजक भव्य जैन ने पंचकल्याणक महोत्सव के लिए अपनी फील्ड के प्रदान करने के लिए रेलवे अधिकारी की मुक्त कंठ से प्रशंसा की। धर्म सभा में सुशील जैन (सीमेंट वाले) मुकेश जैन (ठेकेदार) विशाल जैन (तार वाले) सीए अनिल जैन, प्रो.एके जैन, चै. विनय जैन (बिन्नी) विपिन जैन (चांदी वाले) राजीव जैन सर्राफ, चैधरी अनुज जैन, चैधरी संदीप जैन, मानसिह जैन पूर्व पार्षद, गौरव जैन अनुज जैन, संजय गर्ग पार्षदगण, अमित जैन (कमिश्नरी ऑफिस), आदर्श जैन अवनीश जैन अभय जैन, दिनेश जैन(ङायमण्ङ)अंशुल जैन सुकेश जैन राजेंद्र जैन मनीष जैन (बैंक वाले) अनुज जैन (गैस वाले) निखिल जैन दीपक जैन (चूड़ी वाले) राजा जैन आयुष, सहित सैकड़ो प्रतिष्ठित श्रावक श्राविकाए उपस्थित रहे।
