हरिद्वार। आज सचिव,आवास आर राजेश कुमार ने हरिद्वार शहर में प्रस्तावित 21किलोमीटर मेट्रो पी.आर.टी.(पॉड टैक्सी) परियोजना का संबंधित अधिकारियों के साथ स्थलीय निरीक्षण कर परियोजना के संबंध में जानकारी प्राप्त की।निरीक्षण के दौरान प्रबन्ध निदेशक उत्तराखण्ड मैट्रो रेल कॉरपोरेशन बृजेश कुमार मिश्रा ने सचिव आवास को अवगत कराया है कि परियोजना की कुल लंबाई 20.74कि.मी.है,जिसमें 21स्टेशन प्रस्तावित हैं।परियोजना को मंत्रीमण्डल,गत 15 फरवरी को उत्तराखण्ड सरकार द्वारा अनुमोदन प्रदान किया जा चुका है।परियोजना हेतु कुल 4.8743 हे.भूमि प्रस्तावित है,जिसमें 0.8949 हे.निजी भूमि तथा 0.038हे.रेलवे भूमि सम्मिलित है। अधिकारियों द्वारा अवगत कराया गया कि परियोजना के क्रियान्वयन से हरिद्वार शहर में यातायात जाम की समस्या का समाधान होगा।यह ऑन-डिमांड,चालक-रहित एवं पूर्णतः स्वचालित प्रणाली होगी,जो इलेक्ट्रिक संचालन आधारित होने से पर्यावरण के अनुकूल है तथा कार्बन उत्सर्जन में कमी लाएगी। इस प्रणाली में अपेक्षाकृत कम भूमि की आवश्यकता होती है तथा नियंत्रित गाइडवे पर संचालन होने से सुरक्षा स्तर उच्च रहेगा।इस दौरान भारत माता मंदिर से प्रारम्भ होकर शान्तिकुंज,मोतीचूर,खड़खड़ी भीमगोड़ा होते हुए ललतारों ब्रिज तक सर्वे टीम द्वारा निरीक्षण किया गया।इस दौरान प्रस्तावित स्टेशन,पार्किंग स्थलों एवं आवश्यक भूमि के संबंध में विस्तृत चर्चा की गई।तत्पश्चात् वाल्मीकि चौक,मनसा देवी रोपवे गेट,अपर रोड से होते हुए हरकी पौड़ी क्षेत्र का निरीक्षण किया गया।हर की पौड़ी स्टेशन पर विस्तृत समीक्षा के उपरांत दीन दयाल पार्किंग स्थल पर प्रस्तावित इंटीग्रेटेड रोपवे (माँ चण्डी देवी एवं मनसा देवी मंदिर) के लोअर टर्मिनल का सर्वेक्षण किया गया।संरेखण के संबंध में विचार-विमर्श किया गया।इसके उपरांत हर की पौड़ी से ललतारों ब्रिज,वाल्मीकि चौक होते हुए ऋषिकुल एवं सीतापुर क्षेत्र तक प्रस्तावित स्टेशन एवं पार्किंग/डीपो हेतु चिन्हित भूमि का निरीक्षण किया गया।निरीक्षण के दौरान उत्तराखंड मेट्रो रेल कॉरपोरेशन निदेशक वित्त संजीव मेहता,संयुक्त महाप्रबन्धक (एचआर) कृष्णानन्द शर्मा,संयुक्त महाप्रबन्धक (सिविल)जयनन्दन सिंहा,सहायक प्रबन्धक (सिविल) अजयबीर सिंह नेगी,सेक्शन इंजीनियर सौरभ पटवाल,सर्वेयर हरिओम सिंह सहित उत्तराखण्ड मैट्रो रेल कॉरपोरेशन के अन्य अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।
